करीब 15 दमकल वाहनों की कड़ी मशक्कत के बावजूद अब तक आग पर पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका है,,आग बुझने के बाद भी कार्यालय से लगातार धुंआ उठ रहा है, जिससे हालात की गंभीरता का अंदाज़ा लगाया जा सकता है,

बताया जा रहा है कि आग कार्यालय के भंडार कक्ष में लगी, जहां महज 4 दिन पहले ही कई अहम मामलों की फाइलें लाकर रखी गई थीं,,,,सूत्रों के मुताबिक आग की चपेट में आकर अनुकम्पा नियुक्ति, मध्यान्ह भोजन योजना , अनुकम्पा नियुक्ति और अकाउंट्स से जुड़ी कई महत्वपूर्ण फाइलें जलकर खाक हो गई हैं।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि_आग हादसा है या साजिश? संवेदनशील फाइलें ही क्यों बनीं आग का निशाना?फिलहाल आग लगने के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है, लेकिन पूरे मामले ने कई संदेहों को जन्म दे दिया है,कोतवाली थाने में आगजनी का मामला दर्ज कर लिया गया है और पुलिस हर एंगल से जांच में जुटी है,अब निगाहें जांच पर टिकी हैं…क्या यह महज लापरवाही थी,या फिर किसी बड़े खेल की साजिश

